सोनभद्र। विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, पौष्टिक भोजन और बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिलाधिकारी चर्चित गौड़ के निर्देश पर जिले के अधिकारी नियमित रूप से विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण कर रहे हैं। निरीक्षण के दौरान विद्यालयों की वास्तविक स्थिति का जायजा लेते हुए कमियों को समयबद्ध ढंग से दूर कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।अधिकारी कक्षाओं में पहुंचकर बच्चों से सीधे संवाद कर उनके पठन-पाठन, उपस्थिति और सीखने के स्तर का आकलन कर रहे हैं। पाठ्यक्रम से जुड़े प्रश्न पूछकर शैक्षणिक गुणवत्ता की भी जांच की जा रही है। मिड-डे मील की गुणवत्ता परखने के लिए अधिकारी बच्चों के साथ बैठकर स्वयं भोजन ग्रहण कर रहे हैं। इस दौरान भोजन की गुणवत्ता, स्वाद, स्वच्छता और निर्धारित मेन्यू के अनुपालन का प्रत्यक्ष सत्यापन किया जा रहा है। इसके साथ ही विद्यालयों में पेयजल, शौचालय, विद्युत, साफ-सफाई सहित अन्य मूलभूत सुविधाओं का भी निरीक्षण किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने प्रत्येक अधिकारी को प्रति सप्ताह न्यूनतम पांच विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही निरीक्षण में सामने आने वाली कमियों का त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित कराने को कहा है।जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि निरीक्षण का उद्देश्य केवल कमियां चिन्हित करना नहीं, बल्कि प्रत्येक बच्चे को बेहतर विद्यालय, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, पौष्टिक भोजन और अनुकूल शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना है। बच्चों के भविष्य से जुड़ी व्यवस्थाओं की नियमित और प्रभावी निगरानी प्रशासन की प्राथमिकता है।
Author: Pramod Gupta
Hello









