– दो वर्षों से लंबित भुगतान को मिली स्वीकृति
– डीईजीएस मद से जारी होगी 31.81 लाख रुपये की धनराशि
– लेखपाल संघ ने जिलाधिकारी का जताया आभार
– प्रमाण पत्रों के कार्य में लगे लेखपालों को मिलेगा बकाया भुगतान
सोनभद्र। लेखपालों को लंबे समय से लंबित भुगतान के मामले में बड़ी राहत मिली है। आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्रों के आवेदन पत्रों की प्रिंटिंग एवं अन्य व्ययों की प्रतिपूर्ति के लिए जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने कुल 31 लाख 81 हजार 405 रुपये के भुगतान को स्वीकृति प्रदान कर दी है।जानकारी के अनुसार विगत दो वर्षों से लंबित भुगतान को लेकर लेखपाल संघ ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर शीघ्र धनराशि जारी करने की मांग की थी। जिलाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अभिलेखों एवं तहसीलों से प्राप्त विवरणों का परीक्षण कराया और आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके क्रम में वित्तीय वर्ष 2024-25 एवं 2025-26 के दौरान जनसेवा केंद्रों के माध्यम से ई-डिलीवरी प्रणाली द्वारा प्राप्त आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्रों के आवेदन पत्रों की प्रिंटिंग सहित अन्य खर्चों की प्रतिपूर्ति हेतु 31,81,405 रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है। यह राशि जनपद की विभिन्न तहसीलों के लेखपालों को डीईजीएस सोसाइटी मद से निर्धारित मानकों के अनुसार उपलब्ध कराई जाएगी। जिलाधिकारी के इस निर्णय से लेखपालों में खुशी और उत्साह का माहौल है। लेखपाल संघ ने इसके लिए जिलाधिकारी के प्रति आभार व्यक्त किया है। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने कहा कि शासन की योजनाओं एवं जनसेवाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में लेखपालों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उनके वैध देयों का समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने विश्वास जताया कि इस निर्णय से लेखपालों को अपने दायित्वों के निर्वहन में और अधिक ऊर्जा मिलेगी तथा आमजन को बेहतर सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
Author: Pramod Gupta
Hello









