बीजपुर(विनोद गुप्त)हिंदी सिर्फ एक भाषा नहीं यह हमारी पहचान संस्कृति और परंपरा का सार है। यह हमें जोड़ती है और भावनाओं की अभिव्यक्ति देती है।उक्त विचार अनिल श्रीवास्तव कार्यकारी निदेशक एनटीपीसी रिहंद ने हिन्दी पखवाड़ा के उद्घाटन समारोह के दौरान व्यक्त किए।भारत सरकार गृह मंत्रालय राजभाषा विभाग तथा एनटीपीसी केंद्रीय कार्यालय से प्राप्त दिशा निर्देशों के अनुपालन में एनटीपीसी रिहंद परियोजना में 14 से 29 सितंबर तक हिन्दी दिवस पखवाड़े का आयोजन किया जा रहा है।इसके पूर्व मुख्य अतिथि अनिल श्रीवास्तव कार्यकारी निदेशक का उप महाप्रबंधक विधि ने पुस्तक देकर स्वागत एवं अभिनंदन किया।मुख्य अतिथि ने इस अवसर पर सभी से अपील करते हुए कहा कि विद्युत उत्पादन के मूल लक्ष्य के साथ ही हम सभी को हिन्दी प्रयोग का संकल्प लेना होगा।हमारी परियोजना भाषायी वर्गीकरण के अनुसार ‘क’ क्षेत्र में आती है।अतः हमारा दायित्व है कि हम अपने कार्यालयीन कार्य में अधिकतम हिन्दी का ही प्रयोग करें।नियमों के अनुसार पत्राचार आदि में हिन्दी तथा आवश्यकतानुसार द्विभाषी रूप में पत्राचार करें। परियोजना से जुड़े हमारी सहयोगी संस्थाओं के लोग हिन्दी भाषा का ही उपयोग करते हैं। हमें जनमानस की भावनाओं के अनुरूप अपनी कार्य-संस्कृति और संवाद को विकसित करना होगा।हिन्दी में 









