दुद्धी/सोनभद्र(राकेश गुप्ता) कनहर सिंचाई परियोजना के लिए पुनरीक्षण लागत 1050करोड़ रुपए की आवंटन प्रक्रिया के बाबत बुधवार को नाबार्ड की पांच सदस्यीय टीम महाप्रबंधक बिनोद कुमार के अगुवाई में अमवार स्थित सूबे की सबसे बड़ी परियोजना स्थल पहुंची जहां सिंचाई विभाग के शीर्ष अभियंताओं ने बुके दे कर स्वागत किया। तदक्रम में नाबार्ड के महाप्रबन्धक बिनोद कुमार ने मुंबई से आई उप मुख्य महाप्रबन्धक तनुश्री भट्टाचार्य व सहायक प्रबन्धक अभय दत्त वालिया एवं जनपद के डीडीएम आनंद पाण्डेय के साथ निर्माणाधीन मुख्य बांध,जल सेतु व् जल सुरंग का स्थलीय जांच पड़ताल किया साथ ही तकनीकी सहायक गोविन्द चन्द्र के साथ परियोजना की बारीकियो को समझा| परियोजना मुख्य अभियंता नीरज कुमार ने उन्हें मौजूदा निर्माण प्रगति के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दी। टीम के साथ चल रहे अधीक्षण अभियंता सुरेन्द्र नाथ पाण्डेय व् कुञ्ज बिहारी सिंह एवं अधिशासी अभियन्ता विनोद कुमार,वीर बहादुर,राम आशीष,दिलीप कुमार,सैयद मैनुद्दीन ने कार्यों के बारे में जानकारी देते रहे।जीएम श्री कुमार ने कहा कि परियोजना को अब तक किये गये वित्तीय सहयोग का असर धरातल पर दिख रहा है| भरोसा देते हुए कहा कि टेक्नीकल टीम की निरीक्षण आख्या के बाद अपेक्षित वित्तीय सहायता की जायेगी परियोजना की बढ़ी पुनरीक्षण लागत 1050करोड़ रुपए राज्य सरकार के अनुरोध पर दिया जा सकता है बताया कि परियोजना के लिए अब तक दो चरणों में 1950 करोड़ रुपए की वित्तीय सहायता दी जा चुकी है। जिसे निर्माण कार्यों में पूर्व के वर्षों में खर्च किया जा चुका है।वर्तमान में परियोजना की अनुमानित लागत 3394 करोड़ रुपए है।इस मौके पर सहायक रवि श्रीवास्तव अभियंता आशुतोष मिश्रा,संजय गुप्ता ,राजेश कुमार शर्मा,सियाराम नरसिम्हा, सुनील यादव अर्जुन सिंह,अवर अभियंता धीरेन्द्र कौशिक,नंदलाल यादव ,श्रवण कुमार, दिग्विजय सिंह, रतन श्रीवास्तव, आनंद यादव ,सत्यवान सोहन लाल वर्मा,महेश यादव कार्यदाई संस्था के एजीएम सत्यनारायण राजू समेत तमाम अभियंतागण मौजूद रहे|
