सोनभद्र। बाल दिवस के पावन अवसर पर होटल ट्रिपल- S द्वारा एक सराहनीय सामाजिक कदम उठाया गया, जिसने क्षेत्र के लोगों के बीच प्रशंसा की नई मिसाल कायम की है। समाजसेवी गतिविधियों में लगातार सक्रिय रहने वाला होटल ट्रिपल- S इस बार जरूरतमंद और वंचित वर्ग के बच्चों के चेहरों पर मुस्कान बिखेरने के उद्देश्य से सामने आया। लंबे समय से शिक्षा, वस्त्र वितरण और मूलभूत जरूरतों के क्षेत्र में कार्य कर रही यह संस्था इस बार बच्चों के बौद्धिक और सांस्कृतिक विकास पर विशेष ध्यान दे रही है। इसी कड़ी में संस्था द्वारा कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय के छात्र-छात्राओं को विशेष रूप से रॉबर्ट्सगंज स्थित राज पैलेस ले जाया गया, जहां बच्चों को धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों पर आधारित फिल्म ‘नरसिम्हा’ दिखाई गई। संस्था का मानना है कि बच्चों में संस्कार, संस्कृति, और नैतिक मूल्यों की नींव बचपन में ही मजबूत होती है। इस फिल्म के माध्यम से बच्चों को भारतीय परंपरा, धर्म, वीरता, और सत्कार्यों की प्रेरणा देने का प्रयास किया गया। फिल्म देखने के लिए बच्चों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। कई बच्चों ने बताया कि यह उनके लिए एक नया और सीख देने वाला अनुभव था।
संस्था के प्रतिनिधियों ने कहा कि “हमारी कोशिश है कि समाज के पिछड़े तबके के बच्चों के भीतर आत्मविश्वास, नैतिक शक्ति और सांस्कृतिक जुड़ाव बढ़ाया जाए। बाल दिवस पर इससे बेहतर कोई उपहार नहीं हो सकता कि बच्चों को ज्ञान, दिशा और सकारात्मक ऊर्जा से भरा अनुभव दिया जाए।” होटल ट्रिपल- S कई वर्षों से सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेता रहा है- चाहे वह गरीब बच्चों को कपड़े, बैग, किताबें वितरण करना हो या फिर शिक्षा- सहायता और स्वास्थ्य से संबंधित पहल। संस्था का मानना है कि समाज में बदलाव तभी संभव है जब हर सक्षम व्यक्ति अपनी भूमिका समझे और आगे आकर कुछ योगदान करे। बाल दिवस के मौके पर उठाया गया यह कदम न सिर्फ सराहनीय है, बल्कि दूसरे सामाजिक संगठनों और संस्थाओं के लिए भी प्रेरणास्रोत है। संस्था ने यह संदेश दिया है कि बच्चों का उज्जवल भविष्य ही राष्ट्र की सच्ची प्रगति की आधारशिला है।
Author: Pramod Gupta
Hello








